
युवती पर ब्लेड से हमला करने के आरोपी का शव कड़ी सुरक्षा में दफनाया गया
तेजस्वी संगठन ट्रस्ट।
चीफ़ ब्यूरो कमलेश पाण्डेय
8382048247मिर्जापुर। कटरा कोतवाली क्षेत्र में घर में घुसकर युवती पर ब्लेड से हमला करने के आरोपी अब्दुल उर्फ सैफ का शव बुधवार की सुबह कड़ी सुरक्षा में टेढ़वा कब्रिस्तान में दफनाया गया। इस दौरान तीन जिलों के एक हजार से अधिक पुलिसकर्मी तैनात रहे। इससे पहले पूरी रात पुलिस अब्दुल के परिजनों को पोस्टमार्टम के लिए समझाती रही। देर रात परिजनों के मान जाने पर सुबह पोस्टमार्टम कराया गया। दो डाॅक्टरों के पैनल ने वीडियोग्राफी के बीच अब्दुल के शव का पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में डूबने से मौत की पुष्टि हुई है।कटरा कोतवाली क्षेत्र के एक मोहल्ले में पांच दिसंबर की रात साढ़े नौ बजे एक युवक ने एक युवती पर ब्लेड से हमला कर दिया था। इस मामले में शहर कोतवाली क्षेत्र के रामबाग कुरैश नगर निवासी अब्दुल उर्फ सैफ पर धर्म परिवर्तन कर शादी करने से मना करने पर ब्लेड से हमला करने का मुकदमा दर्ज कर पुलिस तलाश में जुट गई। मंगलवार की शाम को शहर कोतवाली क्षेत्र के रैदानी काॅलोनी के पीछे अब्दुल का गंगा नदी में उतराया शव मिला। शिनाख्त होने के बाद पुलिस पोस्टमार्टम की कार्रवाई में जुट गई। लेकिन अब्दुल के परिजनों ने गिरफ्तार किए गए लोगों को छोड़ने के बाद ही पोस्टमार्टम कराने की बात कही। घंटों मशक्कत के बाद रात को साढ़े 11 बजे पुलिस के समझाने पर परिजन मान गए। इसके बाद पोस्टमार्टम की कार्रवाई के कागजात तैयार हुए। रात होने के कारण परिजनों ने सुबह पोस्टमार्टम कराने की बात कही। सुबह साढ़े 10 बजे कड़ी सुरक्षा में पोस्टमार्टम कराया गया। पौने 12 बजे शव को शव वाहन से घर ले जाया गया। घर पर भी सैकड़ों पुलिसकर्मी तैनात रहे। घर पर परिजनों ने अंतिम संस्कार की तैयारी की। 45 मिनट बाद शव को टेढ़वा कब्रिस्तान ले जाया गया। वहां पर नमाज पढ़ने के बाद शव को दफनाया गया। कब्रिस्तान पर भी सैकड़ों पुलिसकर्मी और पीएसी के जवानों की तैनाती की गई थी। सवा एक बजे शव दफनाने के बाद लोग चले गए।छावनी में तब्दील रहा आरोपी का घर, पोस्टमार्टम हाउस और कब्रिस्तान
मिर्जापुर। आरोपी अब्दुल का शव मिले के बाद से ही पूरे शहर में पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई थी। मंगलवार की रात आरोपी के घर और पोस्टमार्टम हाउस पर फोर्स तैनात रही। बुधवार को पोस्टमार्टम होना था तो रेंज के तीनों जिले से पुलिस अधिकारी और पुलिस फोर्स को बुलाया गया। सोनभद्र और भदोही से एक एएसपी और चार सीओ, सात थानाध्यक्ष को बुलाया गया। जिले से 10 थानाध्यक्ष पहले से लगाए गए थे। रेंज से पुलिस और पीएसी को मिलाकर एक हजार से अधिक पुलिसकर्मी तैनात रहे। शव दफन होने के बाद आरोपी के घर के पास पुलिस फोर्स तैनात रही। इसके अलावा जिले के 21 संवेदनशील स्थानों पर पुलिस फोर्स को तैनात किया गया है।
मंगलवार को नौ और आरोपी भेजे गए थे जेल
मिर्जापुर। इस मामले में अब तक 18 लोगों को जेल भेजा जा चुका है। आरोपी अब्दुल के न पकड़े जाने पर पुलिस ने सोमवार तक उसके जीजा, बहन और दोस्त समेत नौ लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। सोमवार की शाम को हिंदू संगठनों के विरोध के बाद पुलिस ने 72 घंटे में अब्दुल की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया था। इसके बाद पुलिस ने मंगलवार की सुबह परिवार और रिश्तेदारी के नौ अन्य सदस्यों आफताब आलम निवासी तरकापुर, मो. निजाम निवासी तरकापुर, मो. रियाज उर्फ गब्बर निवास तरकापुर, शरीफ उर्फ समीर निवासी कुरैशनगर, मो. इलियास निवासी तरकापुर, वारिश अली निवासी कुरैशनगर, रुबीना निवासी मंसूर पार्क खुल्दाबाद प्रयागराज, रौशन निवासी कुरैशनगर, अंजुम निवासी फुलवरिया कोतवाली शहर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। मामले में अब तक 18 लोगों को जेल भेजा जा चुका है। पुलिस कार्रवाई के लिए अन्य लोगों को लेकर आई थी लेकिन अब्दुल का शव मिलने के बाद उनको छोड़ दिया।
रात को पुलिस जब शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए कागजात तैयार करने आरोपी अब्दुल के घर पहुंची तो परिजन मंगलवार को गिरफ्तार किए गए लोगों को छोड़े जाने की मांग करने लगे। परिजनों का कहना था कि शव मिल गया तो परिवार के अन्य लोगों को क्यों गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम होने के बाद न्यायिक प्रक्रिया के तहत ही वे छूटेंगे, तब परिजन पोस्टमार्टम के लिए माने।
बहन ने अब्दुल की हत्या का आरोप लगाया
मिर्जापुर। अब्दुल का शव मिलने के बाद से परिजन और मोहल्ले के लोग उसकी हत्या कर गंगा नदी में फेंके जाने का आरोप लगा रहे हैं। घर पर मां सकीला और छोटी बहन नाजिया है। नाजिया ने आरोप लगाया कि उसके भाई की हत्या की गई है। इसकी जांच की जाए। उसके भाई ने युवती के घर जाकर उस पर हमला किया, इसका कोई सबूत है? कोई फोटो और वीडियो भी नहीं है। बिना सबूत के भाई पर आरोप लगाया गया, उसकी हत्या की गई। उसका इकलौता भाई था। परिवार उजड़ गया है। उसकी नस काटकर हत्या की गई है। पान की दुकान पर बैठने का सबूत दिया जाए। जो लोग पकड़े गए हैं, उनको छोड़ा जाए।
सुरक्षा के बीच युवती के गले पर हमला करने के आरोपी अब्दुल के शव को दफना दिया गया। शव देखने से तीन से चार दिन पुराना लग रहा था। वीडियोग्राफी के बीच कराए गए पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गंगा में डूबने से मौत की पुष्टि हुई है। अब्दुल के परिजनों का कोई आरोप है तो वे लिखित रूप से दें। उसकी जांच कराई जाएगी। बिना किसी साक्ष्य के हत्या का आरोप लगाना गलत है