
विंध्याचल धाम में स्थानीय व्यापारियों ने पुलिस पर लगाए एकतरफा कार्रवाई के आरोप
तेजस्वी संगठन ट्रस्ट।
चीफ ब्योरों कमलेश पाण्डेय
8382048247
मिर्जापुर के विंध्याचल धाम क्षेत्र स्थित मां विंध्यवासिनी मंदिर, काली खोह मंदिर और अष्टभुजा देवी मंदिर परिसर में दर्शनार्थियों एवं स्थानीय लोगों के बीच होने वाले विवादों को लेकर एक बार फिर पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि यदि किसी विवाद या मारपीट की घटना में दोनों पक्षों की गलती होती है, तब भी पुलिस स्थानीय लोगों और व्यापारियों के खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करती है, जबकि दूसरे पक्ष के प्रति नरम रुख अपनाया जाता है। इसे लेकर व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों में नाराजगी व्याप्त है।
मिली जानकारी के अनुसार, अष्टभुजा चौकी क्षेत्र में एक दुकानदार और दर्शनार्थी के बीच विवाद के बाद मारपीट हुई, जिसमें स्थानीय दुकानदार गंभीर रूप से घायल हो गया और उसके शरीर से खून बहने लगा। आरोप है कि घायल दुकानदार का समय पर चिकित्सीय परीक्षण (मेडिकल) भी नहीं कराया गया और पुलिस एकतरफा कार्रवाई करने में जुटी रही।
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि पुलिस का यह रवैया उनके साथ अन्याय और उत्पीड़न जैसा है। उनका आरोप है कि मामले की निष्पक्ष जांच करने के बजाय केवल स्थानीय लोगों को ही निशाना बनाया जा रहा है।
हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस का पक्ष सामने आने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। स्थानीय लोगों ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कर दोनों पक्षों के साथ समान और न्यायपूर्ण कार्रवाई किए जाने की मांग की है।