
डीएम चर्चित गौड़ का बड़ा एक्शन: भ्रष्टाचार और लापरवाही पर कड़ा प्रहार, दो अधिकारियों पर तत्काल कार्रवाई
तेजस्वी संगठन ट्रस्ट।
चीफ ब्योरों कमलेश पाण्डेय
8382048247
सोनभद्र। जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने भ्रष्टाचार एवं अनियमितताओं के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से डीएम ने संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनसमस्याओं के प्रति लापरवाही और अनियमितता किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जनसुनवाई के दौरान ग्राम कुसाही, केकराही निवासी शिव कुमार पुत्र बन्धु ने जिलाधिकारी के समक्ष प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर आरोप लगाया कि गांव में चल रही चकबन्दी प्रक्रिया में चक सही स्थान पर बैठाने के नाम पर प्रधान एवं चकबन्दी लेखपाल द्वारा धन की मांग की जा रही है। मामले को अत्यंत गंभीर मानते हुए जिलाधिकारी ने बन्दोबस्त अधिकारी चकबन्दी को तत्काल जांच कर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
डीएम के आदेश के अनुपालन में चकबन्दी लेखपाल रोहित तिवारी को तत्काल प्रभाव से सहायक चकबन्दी अधिकारी, राबर्ट्सगंज द्वितीय कार्यालय से सम्बद्ध कर दिया गया।
इसी क्रम में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा आईजीआरएस पोर्टल पर की गई शिकायत पर भी जिलाधिकारी ने त्वरित संज्ञान लिया। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि सीएलएफ बुक कीपर पूजा के साथ मिलकर ब्लॉक मिशन प्रबंधक प्रदीप कुमार जायसवाल द्वारा वित्तीय अनियमितताएं एवं गड़बड़ियां की जा रही हैं।
जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला विकास अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी द्वारा संयुक्त जांच कराई गई। जांच में पाया गया कि ब्लॉक मिशन प्रबंधक प्रदीप कुमार जायसवाल अपने दायित्वों का समुचित निर्वहन नहीं कर रहे थे तथा उनकी कार्यप्रणाली संदिग्ध पाई गई। जांच रिपोर्ट के आधार पर उपायुक्त स्वतः रोजगार द्वारा उन्हें तत्काल प्रभाव से जिला मिशन प्रबंधन इकाई से सम्बद्ध कर दिया गया।
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनसुनवाई में प्राप्त प्रत्येक शिकायत का गुणवत्तापूर्ण, निष्पक्ष एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आमजन का प्रशासन पर विश्वास बना रहे।