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हरियाली आंदोलन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रहे डॉ. बृजेश महादेव

हरियाली आंदोलन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रहे डॉ. बृजेश महादेव


तेजस्वी संगठन ट्रस्ट।

 

फोटो:

चीफ ब्योरों कमलेश पाण्डेय

8382048247

 

 

सोनभद्र। पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण को जन-आंदोलन का स्वरूप देने के उद्देश्य से हरियाली आंदोलन के संयोजक एवं पर्यावरण प्रेमी शिक्षक डॉ. बृजेश महादेव लगातार जन-जागरूकता अभियान चला रहे हैं। उनके नेतृत्व में पीएम श्री कंपोजिट विद्यालय, पल्हारी (नगवां) में विद्यार्थियों ने वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।

डॉ. महादेव ने बताया कि उनका अभियान केवल पौधारोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि वनों के संरक्षण, वृक्षों की सुरक्षा तथा वर्षा ऋतु में विभिन्न प्रजातियों के बीजों की बुवाई कर प्राकृतिक वन संपदा का विस्तार करना भी इसका प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि वर्षों पूर्व लगाए गए अनेक पौधे आज विशाल वृक्ष बन चुके हैं, जो इस अभियान की सफलता का प्रमाण हैं।

उन्होंने कहा कि “एक वृक्ष पंद्रह पुत्रों से भी अधिक उपयोगी होता है।” वृक्ष मानव जीवन के लिए ऑक्सीजन, फल, फूल, औषधियाँ, ईंधन, लकड़ी तथा अन्य प्राकृतिक संसाधनों का आधार हैं। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में कम-से-कम एक वृक्ष लगाकर उसके संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए।

डॉ. बृजेश महादेव ने बताया कि दार्जिलिंग की प्राकृतिक हरियाली से प्रेरित होकर उन्होंने अपने पैतृक गाँव भरहरी तथा कर्मभूमि पल्हारी से हरियाली आंदोलन की शुरुआत की थी। आज इस अभियान के माध्यम से हजारों लोगों को पौधे एवं बीज वितरित किए जा चुके हैं तथा उन्हें वृक्षारोपण और पौधों के संरक्षण के लिए प्रेरित किया गया है। उन्होंने बताया कि उनके घर आने वाले प्रत्येक अतिथि को विदाई के समय एक पौधा उपहार स्वरूप दिया जाता है तथा उससे पौधे के संरक्षण का संकल्प भी कराया जाता है। विद्यालय में भी विद्यार्थियों को प्रकृति संरक्षण के संस्कार दिए जा रहे हैं, ताकि वे अपने परिवार और समाज को पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित कर सकें। डॉ. महादेव ने लोगों से अधिक से अधिक वृक्ष लगाने, उनका संरक्षण करने तथा हरियाली आंदोलन से जुड़कर पर्यावरण संरक्षण में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि “जहाँ है हरियाली, वहाँ है खुशहाली।”


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