
_अब खून के लिए नहीं लगानी पड़ेगी पांच किमी की दौड़_
तेजस्वी संगठन ट्रस्ट।
चीफ़ ब्यूरो कमलेश पाण्डेय
8382048247
सोनभद्र। मेडिकल काॅलेज के अस्पताल में भर्ती मरीजों के परिजनों को अब खून के लिए पांच किमी का चक्कर नहीं लगाना होगा। जल्द ही यहां ब्लड बैंक का संचालन शुरू होगा। शासन से इसकी अनुमति मिल गई है।
जिला संयुक्त अस्पताल को उच्चीकृत कर मेडिकल काॅलेज की स्थापना के बाद से वहां संसाधनों में बढ़ोतरी पर जोर दिया जा रहा है। अस्पताल से ब्लड बैंक पांच किलोमीटर दूर होने से मरीजों को परेशानी होती है। करीब दो दशक पहले जिला अस्पताल राॅबर्ट्सगंज नगर में संचालित होता था। बाद में उसे अस्पताल लोढ़ी में स्थानांतरित कर दिया गया था। ब्लड बैंक राॅबर्ट्सगंज में ही रह गया।
ऐसे में मरीजों के तीमारदारों को ब्लड लेने के लिए मेडिकल कालेज के एलटू अस्पताल व जिला अस्पताल से पांच किमी दूर राॅबर्ट्सगंज जाना पड़ता है। उन्हें ब्लड लेकर आने में करीब तीन से चार घंटे का समय लग जाता है। परिसर में ही मरीजों को सभी सेवाएं मिले इसके लिए प्रबंधन की ओर से ब्लड बैंक को करीब डेढ़ साल से अस्पताल परिसर में शिफ्ट करने की कवायद चल रही है। इसके लिए पूर्व में निर्मित ट्राॅमा सेंटर भवन का चयन किया गया है।
करीब आठ माह पहले औषधि विभाग की केंद्रीय टीम ने स्थल का भ्रमण किया था। कुछ बिंदुओं पर कमियां मिली थी, जिन्हें दुरूस्त करने का निर्देश दिया था। इसे प्रबंधन ने ठीक कराते हुए मई माह में अंतिम रिपोर्ट भेजी थी। ऐसे में अब तमाम प्रयासों के बाद नवरात्री में मेडिकल कालेज परिसर में ब्लड बैंक के संचालन का लाइसेंस मिल गया। ऐसे में अब विभाग की ओर से ब्लड बैंक को शिफ्ट करने की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। ऐसेे में आने वाले दिनों में मरीजों को भटकना नहीं पड़ेगा।
—-
केंद्रीय टीम ने निरीक्षण किया था। उस समय जो खामियां मिली थीं, उन्हें दूर कर दिया गया है। अब ब्लड बैंक को यहां स्थानांतरित करने की अनुमति और लाइसेंस मिल गया है। – राजेश कुमार, औषधि निरीक्षक।