
सोनभद्र में विस्फोटक गोदामों की सुरक्षा व्यवस्था की जांच, पुलिस व फायर सर्विस टीम ने किया औचक निरीक्षण
तेजस्वी संगठन ट्रस्ट।
चीफ ब्योरों कमलेश पाण्डेय
8382048247
सोनभद्र। जनपद में विस्फोटक पदार्थों के भंडारण स्थलों एवं गोदामों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया है। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देश पर रविवार को क्षेत्राधिकारी नगर रणधीर मिश्रा ने फायर सर्विस टीम के साथ रॉबर्ट्सगंज क्षेत्र स्थित एक विस्फोटक पदार्थों के गोदाम का औचक निरीक्षण किया। पुलिस एवं फायर सर्विस की टीम के अचानक पहुंचने से गोदाम परिसर में मौजूद कर्मचारियों और संबंधित लोगों में हलचल मच गई।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने गोदाम में विस्फोटक पदार्थों के भंडारण की व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया। टीम ने यह देखा कि विस्फोटक सामग्री निर्धारित मानकों एवं सुरक्षा नियमों के अनुरूप रखी जा रही है अथवा नहीं। साथ ही गोदाम परिसर में आग अथवा किसी अन्य आपात स्थिति से निपटने के लिए किए गए सुरक्षा इंतजामों की भी गहन जांच की गई।
फायर सर्विस टीम ने मौके पर उपलब्ध अग्निशमन उपकरणों का निरीक्षण करते हुए उनकी संख्या, उपलब्धता और कार्यशील स्थिति की जांच की। अधिकारियों ने यह भी देखा कि आग लगने जैसी किसी आकस्मिक घटना की स्थिति में तत्काल कार्रवाई करने के लिए पर्याप्त संसाधन मौजूद हैं या नहीं।
निरीक्षण के दौरान विशेष रूप से आपातकालीन निकासी व्यवस्था पर भी ध्यान दिया गया। टीम ने यह परखा कि किसी दुर्घटना अथवा आग लगने की स्थिति में गोदाम में मौजूद कर्मचारियों एवं अन्य लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पर्याप्त और सुरक्षित व्यवस्था उपलब्ध है या नहीं। इसके अलावा गोदाम परिसर में सुरक्षा मानकों के पालन तथा संभावित जोखिमों को कम करने के लिए आवश्यक सावधानियों की स्थिति भी देखी गई।
पुलिस एवं फायर सर्विस अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संबंधित लोगों को आवश्यक सतर्कता बरतने और निर्धारित नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि विस्फोटक पदार्थों के भंडारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही गंभीर हादसे का कारण बन सकती है, इसलिए सुरक्षा मानकों के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
पुलिस प्रशासन द्वारा जनपद में अन्य विस्फोटक पदार्थों के भंडारण स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था की भी जांच किए जाने की संभावना है। प्रशासन का उद्देश्य किसी भी संभावित दुर्घटना से पहले सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना और लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।